नई दिल्ली: बिहार में राजनेताओं, अधिकारियों और अपराधियों की ही प्रवर्तन निदेशालय संपत्ति ज़ब्त नहीं कर रहा बल्कि अब तो नक्सली नेताओं की भी चल-अचल संपत्ति उसने ज़ब्त करना शुरू कर दिया हैं.
सोमवार को बिहार-झारखंड में 30 लाख के इनामी संदीप यादव उर्फ़ विजय यादव की 86 लाख रुपये की चल-अचल संपत्ति को प्रवर्तन निदेशालय ने ज़ब्त किया. इसमें बैंक में जमा राशि, फ़्लैट, भूखंड और कुछ महंगे वाहन हैं. प्रवर्तन निदेसलाय ने ये जांच राज्य पुलीस की प्रारम्भिक जांच के आधार पर की थी.
बिहार के गया जिले के संदीप पर तीन दर्जन से अधिक मामले लम्बित हैं. लेकिन पुलीस उसे अभी तक गिरफ़्तार नहीं कर पायी है. जांच के दौरान ये पाया गाया कि संदीप ने अधिकांश संपत्ति अपने परिवार वालों के नाम से ख़रीदी हैं. जिसमें दिल्ली के द्वारका में दामाद के नाम से एक फ़्लैट भी शामिल हैं. लेकिन पूछताछ के दौरान परिवार का कोई भी सदस्य अपनी आय के श्रोत के बारे में संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया.
जांच में प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों ने पाया कि बिहार और झारखंड से लेवी में अर्जित पैसे का अधिकांश हिस्सा संदीप ने रियल एस्टेट में लगाया है. इसके अलावा गांव में मकान बनाने के अलावा कई वाहन भी लिए.
प्रवर्तन निदेशालय ने सोमवार को संदीप यादव की पत्नी के नाम से तीन भूखंड एक और महिला रिश्तेदार के नाम से एक प्लॉट और भाई के नाम से गया. शहर में ख़रीदे गये भूखंड को ज़ब्त किया है. राज्य में किसी नक्सली नेता के ख़िलाफ़ प्रवर्तन निदेशालय ने पहली बार इतनी बड़ी कारवाई की है.



0 comments:
Post a Comment