प्योंगयांग: कोरिया प्रायद्वीप पर मंडरा रहे युद्ध के बादल छंटने के आसार नजर आ रहे हैं क्योंकि उत्तर कोरियाई शासक ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति को देश आने का आमंत्रण दिया है. उत्तर कोरिया के कथित तानाशाह किम जोंग उन ने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जई-इन को देश आने का न्योता दिया है. इससे पहले राजधानी सोल में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जई-इन ने शनिवार (10 फरवरी) को सोल के राष्ट्रपति पेलेस में उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन की बहन समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से दोपहर के भोज पर मुलाकात की. सालों में दोनों प्रतिद्वंद्वियों के बीच यह बेहद अहम राजनयिक मुलाकात है.
दोपहर के भोज पर हुई यह मुलाकात ब्लू हाउस में हुई. इससे पहले प्योंगचांग में होने वाले शीतकालीन ओलंपिक के उद्घाटन समारोह में हिस्सा लेने के लिए किम यो जोंग और उत्तर कोरिया के अन्य अधिकारी आए थे. इसने उत्तर कोरिया के परमाणु कार्यक्रम को लेकर चल रहे तनाव को अस्थायी रूप से शांत कर दिया है.
ओलंपिक स्टेडियम के वीआईपी बॉक्स में किम यो जोंग और किम योंग नेम ने दुनिया भर के अन्य गणमान्य हस्तियों के साथ अपना स्थान ग्रहण किया. इन मेहमानों में अमेरिका के उपराष्ट्रपति माइक पेंस भी थे जो उनसे कुछ फुट की दूरी पर बैठे थे और ऐसा लगता था कि वह उन्हें नजरअंदाज करने की कोशिश कर रहे थे. मून इन खेलों का इस्तेमाल उत्तर कोरिया के साथ नियमित संचार स्थापित करने के मौके के तौर पर करने के लिए उत्सुक हैं ताकि उत्तर कोरिया को बातचीत की मेज पर लाया जा सके और इसके परमाणु कार्यक्रम को लेकर अंतरराष्ट्रीय गतिरोध को हल किया जा सके.
उत्तर कोरिया के आधिकारिक मीडिया में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जेइ इन की तस्वीरें शनिवार (10 फरवरी) को प्रकाशित हुई है जो अपने आप में दुर्लभ घटना है. वर्कर्स पार्टी के आधिकारिक मुखपत्र रोडोंग सिनमुन में मून की चार तस्वीरें प्रकाशित हुई हैं. हमेशा की तरह अखबार के मुख पत्र की प्रमुख खबर उसके नेता किम जोंग उन की गतिविधियों के बारे में है, जिसमें वह जिम्बाब्वे की वायुसेना के कमांडर से तोहफा लेते हुए दिखाई दे रहे हैं.
अखबार के प्रथम पृष्ठ पर शीतकालीन ओलंपिक के लिए उसके प्रतिनिधिमंडल के प्योंगयांग से रवाना होने और सोल में पहुंचने की सात तस्वीरें हैं. इस प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व रस्मी राष्ट्र प्रमुख किम योंग नाम और उत्तर कोरियाई नेता की बहन किम यो जोंग ने किया.



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