अजित वाडेकर के जन्मदिन पर सचिन तेंदुलकर ने की थी चौंकाने वाली शरारत - Sachin tendulkar sent belly dancers to celebrate ajit wadekar 54th birthday





नई दिल्ली: यूं तो एक अप्रैल हंसने और हंसाने के दिन यानी अप्रैल फूल के रूप में मनाया जाता है, लेकिन इस दिन से भारतीय क्रिकेट का एक खास रिश्ता है. भारतीय टीम ने जिस कप्तान अजित वाडेकर की अगुवाई में पहली बार विदेशी धरती पर टेस्ट सीरीज जीती थी उनका जन्म एक अप्रैल को हुआ था. साल 1994 में अजित वाडेकर के जन्मदिन पर सचिन तेंदुलकर ने ऐसी शरारत की थी, जिसे पढ़कर शायद आप साचेंगे- कहीं मैं अप्रैल फूल तो नहीं बन रहा? पर घबराइए नहीं, ये बिल्कुल सच्ची घटना है, जब मैदान से लेकर ड्रेसिंग रूम तक में बेहद गंभीर दिखने वाले सचिन तेंदुलकर ने बेहद चौंकाने वाली शरात की थी. सचिन की उस शरारत को क्रिकेट में जब भी लोग याद करते हैं हंसने के मजबूर हो जाते हैं. इस घटना में सचिन का एक नया रूप देखने को मिला था. आइए सचिन के उस शरारती कहानी को डिटेल में जानें.

भारत के पूर्व कप्तान अजित वाडेकर ने एक इंटरव्यू में कहा था कि साल 1994 में वे अपने जन्मदिन (1 अप्रैल) को न्यूजीलैंड में थे. उस दौरान भारतीय टीम भी न्यूजीलैंड दौरे पर थी. भारतीय टीम जिस होटल में ठहरी हुई थी, उसकी में अजित वाडेकर भी थे. 31 मार्च की रात वाडेकर अपने कमरे में सो रहे थे. वे उस दिन को याद करते हुए कहते हैं, 'मैं नींद में था कि आधी रात को सचिन मेरे कमरे में आया और कहा कि कपिल देव को कुछ दिक्कत है. मैंने पायजामा पहना और दो फ्लोर नीचे कपिल के कमरे में गया. कपिल के कमरे में पहुंचे तो पूरी टीम एक केक और शैंपेन की बोतल के साथ मौजूद थी. मैं हैरान रह गया.'


जन्मदिन पर अजित वाडेकर इस सरप्राइज से काफी खुश थे. तभी पास के कमरे से छह बैले डांसर आये और नाचने लगे. वाडेकर बताते हैं, 'मैं समझ गया कि यह सचिन के दिमाग की उपज थी.' वाडेकर ने उस दिन के अनुभव शेयर करते हुए कहा था, 'मैंने बैले डांस और दो ग्लास शैंपेन का मजा लिया. फिर मैंने देखा कि सभी जाने लगे हैं और मेरे साथ एक बैले डांसर रह गई है. टीम का मैनेजर होने के नाते मुझे आचार संहिता का पालन करना था सो मैं अपने कमरे में चला गया.'

मालूम हो कि सचिन ने यह शरारत अजित वाडेकर के 54वें जन्मदिन पर किया था. आज वाडेकर अपना  75वां जन्मदिन मना रहे हैं. सचिन तेंदुलकर के करियर के शुरुआती दौर में वाडेकर टीम इंडिया के मैनेजर थे.

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