केवाईएस ने रोहित वेमुला को इन्साफ के लिए विरोध मार्च का किया समर्थन Rohit Vemula Kewais support the protest march for justice



रोहित की दलित जातीय पहचान को झुठला कर, उसके हत्यारों को बचाने की कोशिश करने वाली भाजपा सरकार की केवाईएस ने कड़ी भर्त्सना की!

नई दिल्ली, ( विशेष संवाददाता ) आज क्रांतिकारी युवा संगठन(केवाईएस) के कार्यकर्ताओं ने रोहिथ वेमुला को न्याय के लिए मंडी हाउस से मानव संसाधन विकास मंत्रालय तक विरोध मार्च में हिस्सेदारी निभाई| पुलिस ने छात्रों को शांतिपूर्वक मानव संसाधन विकास मंत्रालय जाने से रोक दिया और उन्हें बलपूर्वक हिरासत में ले लिया| ज्ञात हो कि 1 साल पहले ही हैदराबाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने भाजपा सरकार के कहे अनुसार रोहित को आत्म-हत्या करने पर मजबूर किया था, क्योंकि वो जातिवादी और सांप्रदायिक आरएसएस के छात्र संगठन एबीवीपी का विरोध कर रहा था| रोहित की संस्थागत हत्या पर पूरे देश में लोगों ने भाजपा सरकार के खिलाफ विरोध किया था, परन्तु अपने मंत्रियों और कुलपति के आपराधिक गठजोड़ को सज़ा सुनिश्चित करने की जगह भाजपा सरकार ने उलटे रोहित के इन्साफ के लिए लड़ रहे छात्रों और आम लोगों पर लाठियां चलवाईं| यही नहीं, दिल्ली पुलिस ने रोहित की माँ राधिका वेमुला पर भी भाजपा के खिलाफ प्रदर्शन करने के लिए लाठियां बरसाईं थीं|
ज्ञात हो कि उस समय मानव संसाधन विकास मंत्री, स्मृति ईरानी जो खुद भी रोहित की संस्थागत हत्या में संलिप्त थीं, उन्होंने झूठे बयान देकर अपने मंत्रालय की रोहिथ वेमुला की (आत्म)हत्या में संलिप्तता को छुपाया| साथ ही उन्होंने हैदराबाद विश्वविद्यालय से निष्कासित रोहित के साथियों पर ही दोषारोपण करने की कोशिश की थी| इसी तरह, अब भाजपा सरकार आंध्र प्रदेश सरकार के साथ गठजोड़ कर रोहित की जाति भी ओबीसी करवाना चाहती है, जबकि उसकी माँ दलित जाति से हैं| ज़ाहिर है कि यह सब रोहित की आत्म-हत्या के ज़िम्मेदार लोगों को बचाने के लिए किया जा रहा है| भाजपा का दलित-विरोधी चरित्र तब साफ़ दिखता है, जब एक दलित छात्र की आत्म-हत्या के ज़िम्मेदार कुलपति अप्पा राव को वो अकादमिक उत्कृष्टता के लिए पुरुस्कृत करती है|

ज्ञात हो कि जब से भाजपा सरकार सत्ता में आई है, तब से वो जातिवादी और सांप्रदायिक ताकतों को लगातार बढ़ावा दे रही है| इसके अतिरिक्त, अपनी दलित, मजदूर, गरीब विरोधी नीतियों के खिलाफ वो कोई भी आलोचना को नृशंस तरीके से दबाना चाहती है| जातिवाद के खिलाफ लड़ना भाजपा सरकार के लिए ‘राजद्रोह’ है, जिसको रोहिथ वेमुला ने लगातार किया था| इस तरह के साहसी कदम, आरएसएस-भाजपा जैसी फासीवादी ताकतों के चरित्र को उजागर करते हैं, जो भारत के तमाम नागरिकों के जनवादी अधिकारों को ख़त्म करने का मंसूबा रखती है|
केवाईएस रोहित वेमुला के जातिवाद के खिलाफ संघर्ष के साथ खड़ा है और रोहित की संस्थागत हत्या के दोषियों को सख्त से सख्त सजा देने की मांग करता है|



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