गाजियाबाद, ( सर्वोदय शांतिदूत ब्यूरो ) राष्ट्रीय सैनिक संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीर चक्र प्राप्त कर्नल तेजेंद्र पाल त्यागी ने घोषणा की है कि सम्पूर्ण भारत की आजाद हिन्द सरकार की स्थापना के 75वी वर्षगाठ पर 21 अक्टूबर को लालकिले में तिरंगा फहराया जायेगा।
उन्होंने एक वयान में कहा कि हमने भारत सरकार से अनुरोध किया है की इस कार्यक्रम का सरकारी स्तर पर आयोजन किया जाए, परन्तु यदि वो ऐसा नही करते तो हम स्वयं लालकिले पर झंडा फहराएगे जिसमे नेता जी सुभास चन्द्र बोस के भतीजे श्री चन्द्र कुमार बोस और जनरल जी. डी. बख्शी हमारे साथ होंगे। इतना ही नही इस अवसर पर आजाद हिन्द फौज के बचे हुए सिपाहियों अथवा उनके परिवार को भी आमंत्रित किया जायगा। आजाद हिन्द फौज के बचे हुए 20 सिपाहियों से सीधा संपर्क साधा जा चुका है जो यद्दपि 90 वर्ष से उपर के है परन्तु नेता जी सुभाष चन्द्र बोस के नाम पर आखिरी साँस तक संघर्ष करने को तैयार है।
राजेन्द्र बग्गासी , पी. पी. सिंह , राजेश्वर त्यागी , राजाराम , पूनम शर्मा और सविता शर्मा ने मीडिया को जानकारी दी की भारत की आजादी 30 दिसम्बर 1943 से शुरू हो गई थी जब नेता जी ने पोर्ट ब्लेयर के रोस आईलेंड में तिरंगा झंडा फहराया था और लेफ्टिनेंट कर्नल लॉन्ग नाथन को वहां का लेफ्टिनेंट गवर्नर नियुक्त किया था। इसके बाद 14 अप्रैल 1944 को आजाद हिन्द फौज के कर्नल शौकत अली ने मोइरंग में तिरंगा झंडा फहराया और अंग्रेजो को बुरी तरह खदेड दिया।
इस क्षेत्र सहित नागालैंड में आजाद हिन्द सरकार ने 4 महीने तक हुकूमत की। यदि उस समय कांग्रेस ने आजाद हिन्द फौज का विरोध न किया होता तो मुकम्मल आजादी तभी मिल गई होती। सच्चे इतिहास को सामने लाने की आवश्यकता है। नेता जी सुभास चन्द्र बोस लालकिले पर झंडा फहराना चाहते थे। उनकी अंतिम इच्छा को आजाद हिन्द सरकार की 75वी वर्षगांठ पर लालकिले में तिरंगा फहराकर राष्ट्रीय सैनिक संस्था पूरी करेगा।
इस अवसर पर अजय पटेल , उषा राना स्वाति बंसल , शीबा , संजय , इश्वर सिंह मलिक सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।



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