गाजियाबाद, ( सर्वोदय शांतिदूत ब्यूरो ) नव प्रवर्तन केन्द्र, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद, उ0प्र0,लखनऊ की उत्प्रेरणा से क्षेत्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी केन्द्र, गाज़ियाबाद ने दिल्ली पब्लिक स्कूल, गाज़ियाबाद, मेरठ रोड में अभिनव प्रोजेक्ट प्रदर्शनी-2018 का आयोजन किया गया । बच्चों के मध्य स्थानीय समस्याओं का निराकरण हेतु वैज्ञानिक समाधान की प्रवृत्ति को बढ़ावा देना इस प्रदर्शनी का उद्देश्य है। लगभग 90 विद्यालयों के प्रतिभागियों ने लगभग 600 माॅडलों के साथ प्रदर्शनी में भाग लिया।
कार्यक्रम के आरम्भ में ‘शुभंकरोतिकल्याणं, आरोग्यं धनसम्पदा‘ समधुर वन्दना के मध्य दीप प्रज्ज्वलन हुआ। कार्यक्रम के गणमान्य अतिथि डाॅ0 मधुफूल-भूतपूर्व एडवाइजर एन सी एस टीसी, विज्ञान और तकनीकी विभाग, कमेटी सदस्य-ग्लोबलसाइंस इनीशिएटिव, डाॅ0सुरेशचन्द्र शर्मा, क्षेत्रीय वैज्ञानिक अधिकारी, ग़ाज़ियाबाद, श्री पुनीत अग्रवाल वाइस चेयरमैन, मेरठ इंस्टीट्यूट आॅफ इंजीनियरिंग एन्ड टैक्नोलाॅजी, डाॅ0 डी0के0 पाण्डेय भूतपूर्व निदेशक, विज्ञान और तकनीकी विभाग भारत सरकार, पीयूष माधव, पीयूष वर्मा, स्वराजमदान संस्थापक ग्लोबल साइंस इनीशिएटिव एवं डाॅ0 विवेक सुदर्शन, विज्ञान कार्यक्रम समन्वयक, ग़ाज़ियाबाद की गरिमामयी उपस्थिति थी।
विद्यालय के सैकेन्डरी विभाग की मुख्य अध्यापिका श्रीमती कृष्णा सिंह ने सभी आगन्तुकों, विभिन्न विद्यालयों के शिक्षकों व विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए क्षेत्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी केन्द्र, गाज़ियाबाद को ज्ञानवर्द्धक कार्यक्रम आयोजित करने के लिए बधाई दी।
डाॅ0 सुरेशचन्द्र शर्मा, क्षेत्रीय वैज्ञानिक अधिकारी, ग़ाज़ियाबाद ने अपने सम्बोधन में कहा कि विज्ञान वह विशिष्ट ज्ञान है जो हमारे आसपास ही घटित हो रहा है। अतः दिन प्रतिदिन की समस्याओं के समाधान के लिए नव प्रवर्तनात्मक दृष्टि अपनानेेेे की आज आवश्यकता है। बालमन नित नया खोजने, करने के लिए तैयार रहता है, उनकी भावनाओं, आकांक्षाओं को साकार रूप देने में अभिनव प्रोजेक्ट प्रदर्शनी का उल्लेखनीय योगदान रहा है। डाॅ0 पुनीत अग्रवाल ने प्रदर्शनी के सफल आयोजन के लिए सभी विद्यार्थियों, अध्यापकों व संयोजकों को बधाई देते हुए कहा कि अमेरिकी उद्योगपति स्टीबजाॅब्स की भांति आज के ये प्रतिभागी निसंदेह अपनी मेहनत व लगन से भविष्य में सफलता की नई ऊँचाई छुऐंगे। डाॅ0 मधुफूल ने अब्दुल कलाम के प्रेरकवाक्य सफलता पाने के लिए सपने देखना बहुत जरूरी है‘ का उल्लेख करते हुए निरन्तर नवीन वैज्ञानिक प्रयोगों की आवश्यकता पर बल दिया।
डिजिटल स्लाइड्स, स्वचलित पथ निर्देशक, जैविक खाद, बायो टाॅयलेट, द रडार, स्टेबल, मल्टीटास्कर साइकिल, इलेक्ट्रो मेगनेटिक एलीवेटर सपोर्टिंग सिस्टम,सेल्फ सस्टेन डस्टबिन, स्मार्ट होम, इंक फ्राॅम एयर शूट पार्टीकल्स, रिसाइक्लिंग आॅफ थर्मोकोल, हर्बलबबल यंत्र, सुपर सेवर, द सरकल आॅफ सेफ्टी जैसे आकर्षक माॅडल प्रदर्शनी में आकर्षण का केन्द्र थे। डी0पी0एस0जी0 के विभिन्न कक्षाओं के विद्यार्थियों ने भौतिकी, रसायन व जीवविज्ञान से सम्बन्धित माॅडल प्रदर्शित किए जिनमें से रोबोटिक हैंड, इकोफ्रेन्डली एग्रीकल्चरल पार्टीकल्स, सोलर थर्मल-विंड मिल, रेन वाटर हार्वेस्टिंग, सोलरकार, डोरअलार्म, वाटर मैनेजमेंट सिस्टम, वैस्ट आउट आॅफ वेस्ट आदि उल्लेखनीय थे।
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल के सदस्यों में पारस जैन, शलभ शर्मा, सुश्री स्वाति शर्मा, श्रीमती विनीता त्यागी, श्रीमती पूनम शर्मा, श्रीमती अनुराधा, श्रीमती ऋतु, श्रीमती श्वेता शर्मा, राजपाल, विपिन कुमार, देवांकुर जी मुख्य थे।
माॅडल प्रतियोगिता में कक्षा 6 से 8 तक के बच्चों में प्रथम स्थान भोजपुर के अपर प्राइमरी स्कूल के संजना, द्वितीय स्थान भी इसी स्कूल की प्रभा, तृतीय स्थान डीपीएसजी, वसुंधरा के सर्वेश अहूजा तथा चतुर्थ स्थान पर खेतान पब्लिक स्कूल , साहिबाबाद की छात्राएं संचिता और इशिता रही। इसी तरह कक्षा 9 से 10 के बच्चों में प्रथम स्थान रैली इंटर नेशनल स्कूल इंदिरापुरम, के छात्र विवके सिंह व यश डुगर, द्वितीय स्थान पर इंदिरापुरम पब्लिक स्कूल, इंदिरापुर के प्रणय लोहानी, तृतीय स्थान पर द डीपीएसजी इंटरनेशनल डासना के छात्र लवीश तथा चतुर्थ स्थान खेतान पब्लिक स्कूल साहिबाबाद के युवराज व सौम्या ने प्राप्त किया। कक्षा 11 व 12 के बच्चों में प्रथम स्थान भागीरथी पब्लिक स्कूल संजयनगर के दो छात्र गौतम भसीन तथा योगेश कुमार ने प्राप्त किया। द्वितीय स्थान पर डीएलएफ पब्लिक स्कूल, साहिबाबाद की भव्या तनेजा व आदित्य डागा ने कब्जा किया। तृतीय स्थान पर कोलम्बिया कान्वेन्ट इंस्टीट्यूट, मोरटा, गाज़ियाबाद के निखिल त्यागी व सार्थक त्यागी तथा चतुर्थ स्थान पर रामकिशन इंस्टीट्यूट, संजय नगर की दो छात्रा तनीषा व नेहा ने प्राप्त किया।
इसी तरह दिल्ली पब्लिक स्कूल गाज़ियाबाद,मेरठ रोड के विभिन्न कक्षाओं के विशिष्ट पुरस्कार पाने वाले विद्यार्थियों में सर्वाधि कनव प्रवर्तक फहीम जिया आठवीं, सर्वोत्तम प्रयोग के लिए नवीं कक्षा के तीन छात्र अथर्व गुप्ता, रूद्र कौशिक शौर्या महेन्द्रू, सर्वाधिक रचनात्मक का पुरस्कार नवीं कक्षा के ही रूद्राक्ष, कबीर मलिक तथा अनिकेत सक्सेना को दिया गया। सर्वाधिक वैज्ञानिक सोच का पुरस्कार दसवीं कक्षा के आकर्षण मिश्रा को दिया गया।


0 comments:
Post a Comment