सीलिंग के दौरान गेट के अंदर खड़ी महिला
साहिबाबाद, ( सर्वोदय शांतिदूत ब्यूरो ) उप जिला अधिकारी गाजियाबाद के आदेश पर करीब 7लाख रुपये की स्टांप ड्यूटी सरकार को नहीं देने के कारण एक मार्बल व्यापारी के कारोबार को सील कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान कारोबारी की एक महिला के अड़ियल रुख के कारण कार्यवाही बाधित हुई । महिला को बाहर निकालने के लिए कोई महिला पुलिसकर्मी नहीं मिलने से गेट को सील करते समय यह ध्यान रखा गया कि वह महिला गेट में छोड़े गए रास्ते से बाहर आ जा सके ।
साहिबाबाद, ( सर्वोदय शांतिदूत ब्यूरो ) उप जिला अधिकारी गाजियाबाद के आदेश पर करीब 7लाख रुपये की स्टांप ड्यूटी सरकार को नहीं देने के कारण एक मार्बल व्यापारी के कारोबार को सील कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान कारोबारी की एक महिला के अड़ियल रुख के कारण कार्यवाही बाधित हुई । महिला को बाहर निकालने के लिए कोई महिला पुलिसकर्मी नहीं मिलने से गेट को सील करते समय यह ध्यान रखा गया कि वह महिला गेट में छोड़े गए रास्ते से बाहर आ जा सके ।
दीवार पर चस्पा नोटिस
जानकारी के अनुसार विक्रम एनक्लेव 80फुटा रोड के प्लाट संख्या 132 पर विनोद जैन पुत्र सेवाराम जैन का राजस्थान मार्बल के नाम एक मारर्बल का व्यवसाय है। इस प्लाट के खरीद-फरोख्त में उत्तर प्रदेश सरकार को 452070रुपये स्टांप ड्यूटी अदा नहीं की गई । जिस पर ब्याज के आज तक 317609रुपये हो गए थे। इस तरह कुल मिलाकर 769679रुपये मार्बल व्यवसाई पर सरकार का स्टांप शुल्क बकाया था। आरोप है कि इस मामले में एसडीएम गाजियाबाद के बार बार नोटिस दिए जाने के बावजूद भी मार्बल व्यवसाई ने स्टांप ड्यूटी की बकाया राशि सरकार के खाते में जमा नहीं किये । लिहाजा सोमवार को एसडीएम गाजियाबाद के आदेश पर नायब तहसीलदार नीरज त्रिवेदी कार्यवाही के लिए मौके पर पहुंचे थे।
जानकारी के अनुसार विक्रम एनक्लेव 80फुटा रोड के प्लाट संख्या 132 पर विनोद जैन पुत्र सेवाराम जैन का राजस्थान मार्बल के नाम एक मारर्बल का व्यवसाय है। इस प्लाट के खरीद-फरोख्त में उत्तर प्रदेश सरकार को 452070रुपये स्टांप ड्यूटी अदा नहीं की गई । जिस पर ब्याज के आज तक 317609रुपये हो गए थे। इस तरह कुल मिलाकर 769679रुपये मार्बल व्यवसाई पर सरकार का स्टांप शुल्क बकाया था। आरोप है कि इस मामले में एसडीएम गाजियाबाद के बार बार नोटिस दिए जाने के बावजूद भी मार्बल व्यवसाई ने स्टांप ड्यूटी की बकाया राशि सरकार के खाते में जमा नहीं किये । लिहाजा सोमवार को एसडीएम गाजियाबाद के आदेश पर नायब तहसीलदार नीरज त्रिवेदी कार्यवाही के लिए मौके पर पहुंचे थे।
सीलिंग की कार्रवाई के दौरान मार्बल व्यवसाई की एक महिला उस प्लाट के अंदर जानबूझकर चली गई और वह बार-बार आग्रह के बाद भी बाहर नहीं आई। सीलिंग करने पहुंचे नायब तहसीलदार को थाना साहिबाबाद से कोई महिला कर्मचारी नहीं मिली। जबकि यहां दो दर्जन के करीब महिला कर्मचारी तैनात हैं। महिला पुलिस कर्मचारी के नहीं मिलने के कारण नायब तहसीलदार को प्लॉट के गेट पर लगे गेट को इस तरह से खोल कर सील करना पड़ा जिससे वह महिला कर्मचारी प्लाट के अंदर उस छोड़े गए स्थान से आ जा सके।
आज की इस कार्रवाई से यह जाहिर हो गया कि पुलिस में तैनात महिलाकर्मी और पुलिस की व्यवस्था कानूनी कार्रवाई के लिए कितने सजग हैं ।




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