सुप्रीम कोर्ट का माल्या की तरफ इशारा, कहा-अब धोखा नहीं खाएंगे Mallya, referring to the Supreme Court, said it now will not cheat


  • 2जी केस में इस्सार ग्रुप के प्रमोटर को नहीं दी विदेश जाने की इजाजत
  • रुइया 2002 में 2जी स्पेक्ट्रम के एलोकेशन में हुई कथित अनियमितता के मामले में आरोपी 

नई दिल्ली, (विशेष संवाददाता)  सुप्रीम कोर्ट ने 2जी घोटाले के आरोपी एस्सार ग्रुप के प्रमोटर रवि रुइया की विदेश जाने की अर्जी खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा-हम कोई चांस नहीं लेना चाहते। हमारा अनुभव ठीक नहीं रहा है। हमने एक बार एक आरोपी को विदेश जाने की इजाजत दी थी। वह विदेश गया और वापस ही नहीं लौटा। हम एक बार धोखा खा चुके हैं। अब नहीं खाएंगे।
जानकारी के मुताबिक कोर्ट का इशारा शराब कारोबारी विजय माल्या की ओर था। बता दें कि माल्या पर आरोप है कि उन्होंने बैंकों से मिले कर्ज का प्राइवेट प्रॉपर्टी खरीदने में इस्तेमाल किया। माल्या पर सरकारी बैंकों का करीब 9 हजार करोड़ रुपए बकाया है। माल्या को भगोड़ा और डिफॉल्टर घोषित किया जा चुका है।
जस्टिस जेएस खेहर की अगुआई वाली बेंच ने मंगलवार को रुइया की पिटीशन पर सुनवाई की। बेंच ने कहा- इस मामले में लगाए गए आरोप बहुत गंभीर किस्म के हैं। इसलिए आरोपी को देश से बाहर जाने की इजाजत नहीं दी सकती है। इस साल ऐसा दूसरी बार हुआ है कि रुइया की विदेश जाने की अपील खारिज की गई है। फरवरी में भी स्पेशल सीबीआई जज ओपी सैनी ने रुइया की लंदन जाने की अर्जी ठुकरा दी थी। रुइया 2002 में 2जी स्पेक्ट्रम के एलोकेशन में हुई कथित अनियमितता के मामले में आरोपी हैं। फिलहाल वे जमानत पर बाहर हैं।
रुइया के वकीलों ने दलील देते हुए कहा कि रुइया ने बिजनेस के सिलसिले में दो महीने के लिए कनाडा, सऊदी अरब, ब्रिटेन और रूस जाने की इजाजत मांगी थी। रुइया का कहना है कि इन जगहों पर बिजनेस लिंक हैं। रुइया के वकीलों ने सुप्रीम कोर्ट में यह दलील भी दी कि वे इस मामले में सिर्फ धोखाधड़ी के आरोपी हैं, उन पर कोई और मामला नहीं है।  वकीलों ने जजों से यह तक कहा कि रुइया के बड़े भाई और एस्सार ग्रुप के हेड इस बात की गरांटी देंगे। अगर रुइया जेल नहीं लौटते हैं तो बड़े भाई को जेल भेज दीजिएगा। वकीलों ने यह भी कहा कि क्लाइंट ने कभी भी बेल कंडीशंस का वॉयलेशन नहीं किया है।
रुइया के वकीलों के तर्क पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा- हम वकीलों के ऐसे वादों से तंग आ चुके हैं। बाद में आपका मुवक्किल कहता है- हम नहीं आ रहे, आप भाड़ में जा सकते हैं। दूध का जला छाछ भी फूंक-फूंककर पीता है। अब हम किसी को कोई छूट नहीं देने वाले।
उधर सीबीआई रुइया की पिटीशन का विरोध किया। कहा- अगर रुइया को विदेश जाने की इजाजत दी गई तो हो सकता है कि वे वापस न आएं, क्योंकि वे एनआरआई हैं। ऐसे में उन्हें विदेश से वापस भारत लाना काफी मुश्किल होगा। सीबीआई ने सुप्रीम कोर्ट को यह भी बताया कि 2जी मामले में स्पेशल कोर्ट ने अपनी कार्रवाई तकरीबन पूरी कर ली है और इसका फैसला अगले साल जनवरी या फरवरी में सामने आ सकता है। इसके बाद बेंच ने रुइया की विदेश जाने की इजाजत मांगने वाली पिटीशन खारिज कर दी।

Share on Google Plus

0 comments:

Post a Comment