गाजियाबाद, ( प्रमुख संवाददाता ) मुख्य विकास अधिकारी रमेश रंजन ने अधिक से अधिक युवाओ को रोजगार से जोडने के लिए जिले में एक ऐसा सिस्टम विकसित करने की जरूरत बतायी है जो कौशल विकास की मूलभूत जरूरतों को पूराकर सके।
मुख्य विकास अधिकारी आज कलेक्टेªट सभाकक्ष में कौशल विकास मिशन के अन्तर्गत सकल्प योजना की बैठक को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होने कहा कि मिशन द्वारा सचंालित कौशल विकास कार्यक्रम की विशेषता प्रशिक्षण को रोजगार से जोडना है। प्रशिक्षणार्थियों को अपनी अभिरूचि व योग्यता तथा सम्वन्धित कौशल में रोजगार के अवसर के आधार पर वेहतर विकल्प चुनने के लिए व्यवसायिक परामर्श दिया जाये। उन्होने बताया कि गाजियाबाद जिले में विभिन्न सैक्टरों में प्रशिक्षण कोर्स संचालित है। जिनमें हास्पिटलिटी, रेफ्रिजेशन एण्ड एयर कन्डिसनिगं, व्यूटी कलचर, फैसन डिजाइनिग, हैल्थ केयर, गारमेन्ट मेकिगं आदि शामिल है। जिनमें युवाओ को उनकी योग्यता एवं रूचि के अनुसार प्रशिक्षित किया जाता है।
इस अवसर पर निदेशक कौशल विकास एवं उद्यमिता भारत सरकार सुश्री दीप्ति श्रीवास्तव ने संकल्प योजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होने बताया कि यह लोन असिस्टेन्ट प्रोग्राम है। इसकी सहायता से कौशल विकास के कार्यक्रमो के क्रिया कलापों की संरचना की जायेगी। इसके माध्यम से क्षमता स्रजन भी किया जायेगा।
बैठक में जिला रोजगार सहायता अधिकारी एवं जिला समन्वयक उ0प्र0 कौशल विकास मिशन शशि भूषण उपाध्याय ने बताया कि चालू वित्तीय वर्ष में 2266 युवाओ को विभिन्न कार्यो हेतु प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अभी तक 285 अभ्यर्थियों को रोजगार कौशल विकास मिशन के माध्यम से दिलाया जा चुका है। बैठक में एम0आई0एस0 मेैनेजर मौहम्मद सादाव,सचित शर्मा, राहूल कुमार, मनीष मिश्रा, सहित उद्योग कौशल विकास मिशन रोजगार कार्यालय आई0टी0आई0 आदि विभागो के अधिकारी उपस्थित रहे।


0 comments:
Post a Comment